प्रवर्तन निदेशालय ने कोलकाता पुलिस के उपायुक्त शांतनु सिन्हा बिस्वास को जबरन वसूली गिरोह और धनशोधन मामले में गिरफ्तार कर लिया है। ईडी ने कोलकाता के सीजीओ कॉम्प्लेक्स में करीब साढ़े दस घंटे तक पूछताछ करने के बाद यह कार्रवाई की। अधिकारियों के मुताबिक, शांतनु सिन्हा को आज अदालत में पेश किया जाएगा।
कई बार समन के बावजूद नहीं हुए पेश
ईडी ने शांतनु बिस्वास को सोना पप्पू उर्फ बिस्वजीत पोद्दार से जुड़े कथित आपराधिक नेटवर्क और मनी लॉन्ड्रिंग मामले में कई बार पूछताछ के लिए बुलाया था। आरोप है कि उन्होंने एजेंसी के समन को लगातार नजरअंदाज किया, जिसके बाद उनके खिलाफ लुकआउट नोटिस भी जारी किया गया था।
संदिग्ध वित्तीय लेनदेन की जांच
सूत्रों के अनुसार, जांच एजेंसी को शांतनु बिस्वास से जुड़े कई संदिग्ध वित्तीय लेनदेन के दस्तावेज मिले हैं। इन लेनदेन में सोना पप्पू और उसके करीबी सहयोगियों के नाम सामने आए हैं। बताया जा रहा है कि कारोबारी जॉय कामदार से बरामद दस्तावेजों में भी शांतनु बिस्वास का नाम शामिल था।
पहले भी हो चुकी है छापेमारी
गौरतलब है कि पिछले महीने ईडी ने इस मामले में फर्ना रोड स्थित शांतनु सिन्हा बिस्वास के आवास पर छापेमारी भी की थी। एजेंसी अब पूरे नेटवर्क और कथित अवैध वित्तीय गतिविधियों की गहराई से जांच कर रही है।

